Paytm और Pine Labs के लिए नए बिजनेस अवसर
इस बड़े बदलाव का सीधा असर पेटीएम (Paytm) और पाइन लैब्स (Pine Labs) जैसी प्रमुख फिनटेक कंपनियों पर पड़ेगा। जो यूपीआई ट्रांजैक्शन अब तक पूरी तरह मुफ्त थे, वे अब इन कंपनियों के लिए रेवेन्यू का एक बड़ा जरिया बनेंगे। हालांकि, इनकी बैलेंस शीट में कितनी रकम जुड़ेगी, यह ट्रांजैक्शन की कुल वैल्यू, रेवेन्यू शेयरिंग मॉडल और छूट प्राप्त सेक्टर्स पर निर्भर करेगा।
पाइन लैब्स और पेटीएम के लिए कमाई का अनुमान
एसबीआई सिक्योरिटीज के फंडामेंटल रिसर्च हेड सनी अग्रवाल की रिपोर्ट के अनुसार, इस बदलाव से जुड़े मुख्य वित्तीय पहलू इस प्रकार हैं:
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बड़ा रेवेन्यू पूल: नए एमडीआर नियमों से सालाना लगभग 20,000 से 22,000 करोड़ रुपये का विशाल रेवेन्यू पूल तैयार हो सकता है।
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मर्चेंट एक्वायरर्स का हिस्सा: पाइन लैब्स जैसी मर्चेंट एक्वायरिंग कंपनियों को इस पूल का लगभग 30 प्रतिशत हिस्सा मिलने की उम्मीद है।
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यूपीआई ऐप्स का हिस्सा: पेटीएम जैसे प्रमुख यूपीआई एप्लिकेशन प्लेटफॉर्म्स को इस पूल का लगभग 20 प्रतिशत हिस्सा मिल सकता है।
इस प्रकार, पाइन लैब्स मर्चेंट साइड पर मजबूत पकड़ के कारण इसका फायदा उठाएगी, वहीं पेटीएम अपने व्यापक यूपीआई यूजर बेस के जरिए इस नए वित्तीय अवसर को भुनाने की स्थिति में होगी।